Vastu For Wardrobe | वास्तु शास्त्र के अनुसार घर में रखी हुई हर एक चीजों को लेकर कुछ विशेष नियमों और शुभ दिशाओं के बारे में बताया गया है लेकिन अगर वास्तु के नियमों का पालन नहीं किया जाए तो बुरे परिणामों का सामना करना पड़ता हैं इसलिए घर की हर चीजों को रखते समय दिशा का ध्यान रखना चाहिए और ऐसे ही वास्तु शास्त्र में घर में रखी जाने वाली आलमारी को भी लेकर कुछ महत्वपूर्ण नियमों को बताया गया है. मान्यता है कि आलमारी को सही दिशा में रखने से जीवन से जुड़ी बाधाएं कम होने के साथ ही सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता हैं तो वहीं गलत दिशा में अलमारी को रखने से घर के सदस्यों को मानसिक तनाव के साथ नकारात्मकता और आर्थिक समस्याओं से जूझना पड़ता है.
वास्तु के अनुसार घर में अलमारी को रखने की दिशा :
1) अलमारी को रखने की सही दिशा :
दक्षिण दिशा :
वास्तु के अनुसार घर के दक्षिण या पश्चिम दिशा में भारी सामान को रखना चाहिए और ऐसे में अलमारी को घर में दक्षिण – पश्चिम दिशा में ऐसा रखना चाहिए कि अलमारी का पीछे वाला भाग दक्षिण दिशा की दीवार से सटा हुआ हो और अलमारी खोलने पर उसका मुख उत्तर दिशा की ओर होना चाहिए. मान्यता है कि उत्तर दिशा कुबेर को दिशा कहलाती हैं और इस दिशा में अलमारी खुलने से कुबेर देव का आशीर्वाद और कृपा प्राप्त होता हैं जिससे कि जीवन में स्थिरता आने के साथ ही धन संचय में वृद्धि होती हैं.
पश्चिम दिशा :
वास्तु के अनुसार अगर दक्षिण दिशा में अलमारी को रखने के लिए पर्याप्त नहीं हो तो अलमारी को पश्चिम दिशा में भी रखा जा सकता है. आलमारी को पश्चिम दिशा में रखने से आलमारी को मुख पूर्व दिशा की ओर खुलेगा और माना जाता है कि पूर्व दिशा धन की देवी मां लक्ष्मी के आगमन का प्रतीक होता हैं.
2) अलमारी को रखने की गलत दिशा :
उत्तर – पूर्व दिशा :
अलमारी को भूलकर भी घर के उत्तर – पूर्व दिशा में नहीं रखना चाहिए. माना जाता है कि उत्तर – पूर्व दिशा, ईशान कोण कहलाता हैं और इस दिशा में भारी सामान जैसे कि अलमारी को रखने से वास्तु दोष उत्पन्न होता हैं जिससे कि पैसों की कमी और मानसिक तनाव जैसी समस्याओं का सामना करना पड़ता हैं.
दक्षिण दिशा की ओर मुख :
अलमारी को कभी भी उस दिशा में नहीं रखना चाहिए जिससे कि अलमारी का मुख या दरवाजा दक्षिण दिशा की ओर खुले, कहा जाता है कि दक्षिण दिशा की ओर अलमारी का दरवाजा खुलने से तिजोरी से धन व्यर्थ खर्च होता हैं.
अलमारी को घर में रखने के नियम :
1) समतल स्थान :
अलमारी को सदैव समतल स्थान पर रखें लेकिन इसे सीधे जमीन पर नहीं रखकर इसके नीचे लकड़ी का स्टैंड या फिर कोई कपड़ा या फिर अखबार को बिछाएं और फिर अलमारी को रखें,
2) दर्पण का नहीं होना :
वास्तु के अनुसार अलमारी के दरवाजे पर दर्पण का लगा होना शुभ नहीं माना जाता है विशेषकर अगर दर्पण लगा अलमारी बेड के सामने हो. माना जाता है कि इससे घर में कलह और बीमारी का आगमन होता हैं.
3) तिजोरी को खाली नहीं रखना चाहिए :
वास्तु के नियमानुसार अलमारी के अंदर स्थित लॉकर या फिर तिजोरी को कभी भी खाली नहीं रखना चाहिए, हो सकें तो तिजोरी में कुछ धन या फिर चांदी के सिक्का को रखें.
4) लोहे या फिर लकड़ी के अलमारी को रखना चाहिए :
वास्तु के अनुसार घर में सदैव लोहे या फिर लकड़ी के अलमारी को रखना शुभ होता हैं क्योंकि यह मजबूत होने के साथ ही यह सरलता से टूटती भी नहीं है.
5) साफ – सफाई का ध्यान रखना चाहिए :
अलमारी के ऊपर कभी भी भारी वस्तुएं या फिर पुरानी टूटी व फटी चीजों को नहीं रखना चाहिए क्योंकि यह सब नकारात्मक ऊर्जा को आकर्षित किया करती हैं.
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FAQ – सामान्य प्रश्न
1) घर की किस दिशा में अलमारी को रखना चाहिए ?
दक्षिण दिशा.
2) घर की किस दिशा में अलमारी को नहीं रखना चाहिए ?
उत्तर – पूर्व दिशा.
अस्वीकरण (Disclaimer) : यहां मुहैया सूचना सिर्फ मान्यताओं और जानकारियों पर आधारित है. यहां यह बताना ज़रूरी है कि madhuramhindi.com किसी भी तरह की मान्यता, जानकारी की पुष्टि नहीं करता हैं.


