Pradeep Mishra | उत्तर प्रदेश की पावन धरा बलिया में होने जा रही है अंतर्राष्ट्रीय कथावाचक पंडित प्रदीप मिश्राजी सीहोर वाले के मुखारविंद और पावन सानिध्य में सात दिवसीय श्री शिवमहापुराण कथा का भव्य और दिव्य आयोजन 09 जून से 15 जून 2026 को किया जाएगा. उत्तर प्रदेश में होने वाली कथा में आने वाले जनसैलाब और गर्मी के मौसम को देखते हुए आयोजक और समिति की ओर से आयोजन की तैयारियां युद्ध स्तर पर चल रही है क्योंकि गुरुदेव की कथा जहां भी होती हैं वहां शिव भक्तों का जनसैलाब केवल राज्यों से ही नहीं बल्कि पड़ोसी राज्यों और आसपास राज्यों से आते हैं जैसे कि महाकुंभ का मेला लगा हुआ है.
आपको बता दें कि पंडित प्रदीप मिश्राजी ने अधिकमास में तीन कथाओं भाग 01, भाग 02 और भाग 03 के नाम से करने का संकल्प लिया था जिसके तहत उन्होंने भाग 01 की कथा करनाल हरियाणा में और भाग 02 की कथा धाराशिव महाराष्ट्र में सफल पूर्ण कथा का आयोजन किया गया तो वहीं अधिकमास की भाग 03 की कथा उत्तर प्रदेश की बलिया में आयोजन किया जाएगा. उत्तर प्रदेश के बलिया जिले के कारों ग्राम में स्थित कामेश्वर धाम के बारे में मान्यता है कि यह शिव पुराण और वाल्मीकि रामायण में वर्णित वहीं स्थल है जहां भगवान शिव ने देवताओं के सेनापति कामदेव को जलाकर भस्म किया और आज भी वहां आधा जला हुआ हरा भरा आम का वृक्ष है जिसके पीछे छिपकर कामदेव ने समाधि में लीन भगवान शिव पर पुष्प बाण को चलाया था.
जानते हैं बलिया में होने वाली कथा के बारे में विस्तार से :
अंतर्राष्ट्रीय कथावाचक पंडित प्रदीप मिश्राजी सीहोर वाले के मुखारविंद और पावन सानिध्य में श्री शिवमहापुराण कथा का ऐतिहासिक और भक्तिमय आयोजन 09 जून 2026 से 15 जून 2026 को फुलवरिया बांसडीहरोड जिला बलिया (उत्तर प्रदेश) में दोपहर 01 बजे से शाम के 04 बजे तक किया जाएगा. बलिया की होने वाली इस कथा के मुख्य आयोजक परिवहन मंत्री श्री दयाशंकर सिंह जी है और उन्होंने कथा के बारे में बताया कि इस कथा को लेकर रहवासी को बहुत ही उत्साह का माहौल है और गर्मी की भीषण स्थिति को देखते हुए पीने के लिए ठंडे पानी की व्यवस्था के साथ ही रहने और खाने की भी पुख्ता व्यवस्था किया जाएगा इसके अलावा पार्किंग व्यवस्था और चिकित्सा सुविधाएं भी रखी जाएगी जिससे कि शिव भक्त आनंदपूर्वक कथा का श्रवण कर सकेंगे.
जानते हैं कथा स्थल कैसे पहुंचे :
कथा स्थल फुलवरिया बांसडीहरोड जिला बलिया आप अपनी सुविधानुसार पहुंच सकते है. अगर आप वायुमार्ग से आना चाहते हैं तो आपको लाल बहादुर शास्त्री अंतर्राष्ट्रीय हवाई अड्डा वाराणसी आना होगा जहां से कथा स्थल की दूरी मात्र 139 km है तो वहीं दूसरी पटना एयरपोर्ट से कथा स्थल की दूरी मात्र 149 km हैं लेकिन अगर आप रेलमार्ग से आना चाहते हैं तो सबसे निकटतम रेलवे स्टेशन बलिया है जहां से कथा स्थल की दूरी मात्र 09 km हैं तो वहीं सड़कमार्ग से आने के लिए बलिया बस स्टैंड आना होगा जहां से कथा स्थल मात्र 08 km है. आपको कथा स्थल आने के लिए एयरपोर्ट, रेलवे स्टेशन और बस स्टैंड में आसानी से साधन मिल जायेंगे.
तो चलिए अधिकमास की अंतिम श्री शिवमहापुराण कथा बलिया में शामिल होकर अपने जीवन को सार्थक और सफल बनाएं.
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